एकादशी हर चंद्र मास के शुक्ल और कृष्ण, दोनों पक्षों की ग्यारहवीं तिथि है। साल में 24 एकादशी आती हैं।
एकादशी का व्रत बहुत शुभ माना जाता है और परंपरा में इसे पिछले पापों से मन को साफ़ करने वाला कहा गया है। यह भगवान विष्णु को समर्पित है।
अनाज, चावल और दालें पूरी तरह छोड़ी जाती हैं। प्याज़, लहसुन और मांसाहार वर्जित है।
| तारीख़ | व्रत | तिथि कब तक |
|---|---|---|
| गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 | शुक्ल पक्ष एकादशी | दोपहर 2:48 |
| गुरुवार, 5 नवंबर 2026 | कृष्ण पक्ष एकादशी | सुबह 10:35 |
| शुक्रवार, 4 दिसंबर 2026 | कृष्ण पक्ष एकादशी | रात 11:45 |
| रविवार, 20 दिसंबर 2026 | शुक्ल पक्ष एकादशी | रात 8:14 |
| रविवार, 3 जनवरी 2027 | कृष्ण पक्ष एकादशी | शाम 4:08 |
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